एक लम्बी परिनालिका में 500 फेरे है । जब इनमे से 2 ऐम्पियर की धारा प्रवाहित की जाती है , तो हर फेरे से सम्बन्धी चुम्बकीय फलक्स `4 xx 10^(-3)` वेबर होता
एक लम्बी परिनालिका में 500 फेरे है । जब इनमे से 2 ऐम्पियर की धारा प्रवाहित की जाती है , तो हर फेरे से सम्बन्धी चुम्बकीय फलक्स `4 xx 10^(-3)` वेबर होता है । परिनालिका का स्वप्रेरकत्व होगा -
A. 2.5 हेनरी
B. 2.0 हेनरी
C. 1.0 हेनरी
D. 4.0 हेनरी
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