निम्न युग्मो के यौगिकों में विभेदित स्थापित करने के लिए एक-एक रासायनिक परीक्षण दीजिए-
(i) मेथिलऐमिन तथा डाइमेथिलऐमिन
(ii) द्वितीयक तथा तृतीयक ऐमिन
(iii) ऐथिलऐमिन तथा ऐनिलीन
(iv) ऐनिलीन तथा बेन्जिल ऐमिन
(v) ऐनिलीन तथा-N -मेथिल ऐनिलीन

4 views

1 Answers

(i) मेथिल ऐमिन एक प्राथमिक ऐमिन है जबकि ड्राइमेथील ऐमिन एक द्वितीयक ऐमिन। इन्हे कार्बिल-ऐमिन परीक्षण तथा हिंसबर्ग विधि द्वारा विभेदित किया जा सकता है।
(ii) द्वितीयक तथा तृतीयक ऐमिनो को हिंसबर्ग परीक्षण तथा लिबरमैन नाइट्रोसा अभिक्रिया द्वारा विभेदित किया जा सकता है।
(iii) कृपया पृष्ठ देखे
(iv) इन्हे नाइट्रस अम्ल की क्रिया द्वारा पहचाना जा सकता है। बेन्जिल ऐमिन एक डाईऐजोलियम लवण बनता है, जो काम ताप पर भी अत्यन्त अस्थिर होने के कारण वियोजित होकर नाइट्रोजन होकर नाइट्रोजन गैस देता है।
`{:(C_(6)H_(5)CH_(2)NH_(2)overset(NHO_(2))to"["C_(6)H_(5)CH_(2)-overset(+)N-=NCl^(-)"]"),(" ""Benzylamine" " ""Unstable"):}`
`overset(H_(2)O)tounderset("Benzyl alcohol")(C_(6)H_(5)CH_(2)OH)+N_(2)+HCl`
ऐनिलीन `HNO_(2)` से क्रिया कर बेन्जीन डाइऐजोनियम क्लोराइड देता है, जो `273-278` पर स्थिर है और इस ताप पर `N_(2)` ges नहीं देता है।
`{:(C_(6)H_(5)NH_(2)underset(HCl)overset(HNO_(2))toC_(6)H_(5)-overset(+)(N)-=NCl^(-)),("Aniline" " ""Benzene diazonium chloride"),(" "273-278K" "("stable")):}`
(v)ऐनिलीन एक `1^(@)` ऐरोमैटिक ऐमिन है जबकि N -मेथिल है। इन्हे कार्बिल-एमीन परीक्षण तथा हिंसबर्ग परीक्षण से विभेदित किया जा सकता है।

4 views

Related Questions